ऐतिहासिक सफ़र।।।।
जब भी हम अकेले होते, खुद के इतिहास को खोजते रहते
कितने सारे सवालो से, खुद ही जूझ रहे होते
कितनी ही लड़ाईयां लड़ी थी हमने
उनको सोच रहे होते, जब भी हम अकेले होते
वेसे तो हम राजा हे, दिल के और अपने घर के
पर उसमे ही सफलता का दंभ भर रहे होते
जब हम अकेले होते,
सफ़र में लोगे करते हे सम्मान से राम राम
पर अंदरूनी मन से करते हे बड़े ही बदनाम
सम्हल कर रहना होगा अब हमें,
इस बात का इख़्तियार करते हे
जब भी हम अकेले होते है, इन्ही बातो को खोजते हे
खुद के इतिहास को पढ़ते हे, जब भी अकेले होते हे,,
डर नही लगता मुझे गैरो से भरी इस दुनिया का
अपनों का भय मुझे हर घडी लगता हे ,
सांसो का कुछ कह नही सकते, साथ कब छोड़ जाये
इतिहास को और पुख्ता किये जाता हूँ, जब में अकेला होता हूँ
जब भी हम अकेले होते हें /////
गिर्राज।किशोर।शर्मा।गगन।
मो 09617226588

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